दिल्ली के रोहिणी इलाके में एक पीड़ित ने डिप्टी कमिश्नर नगर निगम को प्रार्थना पत्र दिया। जिसमे पीड़ित ने कहा की मैं राजकुमार पुत्र स्व ० मंगली राम निवासी 122/1 , डी -12 , सेक्टर -7 , रोहिणी , दिल्ली -110085 , अपने नीचे वाले जे . के . स्पोर्टस के मालिक जुगल किशोर के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाना चाहता हूं । जो इसने 121 व 121/1 , फ्लैट हैं जोकि अवैध रूप से निर्माण किया हुआ है ।
जो कन्स्ट्रक्शन इसने किया हुआ है उसकी वजह से हमारे पूरे घर में आगे - पीछे दरार आ गई है । बहुत सारी दिक्कतें हमारे घर में आ गई हैं । काम शुरू करते ही दरारें आनी शुरू हो गई । जब मैंने इन दरारों को उन्हें दिखाया तो पहले इसने कहा कि मैं इन्हें ठीक करवा दूंगा व आपका मकान बनवा दूंगा पर बाद में मुकर गया । अब कहता है कि मुझे मकान बेच दो वर्ना मैं तुम्हें चैन से नहीं जीने दूंगा ।पीड़ित ने कहा की जुगल किशोर के कर्मचारी हमारे घर के आगे अपनी गाडियां खड़ी कर देते हैं जिससे आने - जाने में भारी दिक्कत होती है जब हम इन्हें हटाने के लिए बोलते हैं तो हमारे साथ लड़ाई व गाली - गलौच करता है । इसका मकान पांच मंजिला बना हुआ है जिसमें 121 , 121/1 , दोनो फ्लैट गलत व अवैध रूप बने हुए हैं । दोनों साइडों में आगे की तरफ छज्जे बढ़ा रखे हैं ।इन छज्जों के नीचे जुगल किशोर के कर्मचारी काफी देर तक बिना 10 वजह से खड़े रहते हैं , जिसकी वजह से मेरी पत्नी व बच्चियों को बाहर आने - जाने में परेशानी होती है , हमारा अपने ही घर में रहना व बाहर निकलना बड़ा मुश्किल हो गया है । इसका स्पोर्टस का सामान टैम्पों में लोड होकर आता है जिसे हमारे घर के आगे कई - कई घंटे तक अनलोड करके उतार देते हैं जिस वजह से हमारे घर में आने जाने का रास्ता तक ब्लाक हो जाता है । मेरे घर के झीने के नीचे इसने लोहे का गेट लगा रखा है जहां पर कूड़ा फैला रखा होता है , हम जब सुबह वहां सफाई करते हैं तो ये लोग हमें अभद्र शब्द कहकर सम्बोधित करते हैं जिस वजह से हमें वहां सफाई करने में काफी परेशानी होती है व बेइज्जती महसूस होती है ।अतः पीड़ित का कहना है की उपरोक्त जुगल किशोर के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्यवाही की जाए ।वही पीड़ित ने यह भी कहा की जो वेंटीलेशन सांस लेने के लिए था । इसने उसे भी बंद कर दिया जिससे हमारे मकान में हवा - पानी बंद हो गया और हम लोग सांस भी नहीं ले पा रहे हैं । हमारे घर के पीछे की खिड़की के ऊपर इसने अपना शटर लगा रखा है व इसके ऊपर बोर्ड लगा रखा है जिसकी वजह से खिड़की से भी वेटीलेशन खत्म हो गया है ।पीड़ित ने गुहार लगाई है की उपरोक्त जुगल किशोर के तीनों फ्लैटों को डीडीए का जो बेसिक स्ट्रक्चर है उसी अवस्था में वापिस लाया जाए ताकि हम अपने फ्लैट में आराम से रह सके ।वही पीड़ित ने नगर निगम पर आरोप लगाते हुए कहा कि दिल्ली नगर निगम के अधिकारियों के कारनामों का खुलासा कैसे होगा 19,7,2022को लेटर भेजा था लेकिन कोई जवाब नहीं दिया गया है जबकि मैंने अधिकारियो से मिला तो उन्होंने टाल-मटोल करने लगे पता नहीं लगता है किसी निजी स्वारथ की वजह से कार्यवाही नही नही होती है जब मैंने डिप्टी कमिश्नर से कहा कि मेरे को डिप्टी कमिश्नर बात करा दो उन्होंने साफ कहा कि हम नहीं मिलवा नहीं सकते मैडम जी ऑनलाइन मीटिंग चल रही है लगातार 4 दिन से परेशान किया जा रहा है






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